Thursday, December 6, 2018

क्या स्वीडन में मिलेगा यमन के 'जख़्म' के लिए मरहम?

यमन में क़रीब चार साल से गृहयुद्ध जारी है. इस दौरान हर दिन कई जख़्म झेल चुका ये देश तबाही के मुहाने पर पहुंच गया है और हालिया वक़्त में दुनिया का सबसे बड़ा मानवीय संकट खड़ा हो गया है. संघर्ष के दौरान हज़ारों लोगों की मौत हो चुकी है और लाखों लोग भूख से मरने की कगार पर पहुंच गए हैं.

इस संघर्ष को ख़त्म करने के मक़सद से स्वीडन में शांति वार्ता शुरू हुई है. संयुक्त राष्ट्र के विशेष प्रतिनिधि मार्टिन ग्रिफ़िथ्स ने शांति वार्ता को अहम मील का पत्थर बताया है.

ग्रिफ़िथ्स का कहना है कि दोनों पक्षों के बीच बंदियों की अदला-बदली के समझौते से हज़ारों लोग अपने बिछड़े परिवारों से मिल सकेंगे. उनकी टीम यमन सरकार और हूती विद्रोहियों के प्रतिनिधियों के साथ काम कर रही है.

साल 2016 के बाद से पहली बार यमन में शांति के लिए बातचीत हो रही है. शांति की पिछली कोशिश सितंबर में की गई थी लेकिन तब हूती विद्रोहियों की ओर से जिनेवा में बातचीत के लिए प्रतिनिधि नहीं पहुंचे.

बातचीत का मक़सद क्या है?
स्वीडन की बातचीत से समाधान निकलने की उम्मीद नहीं की जा रही है. विश्लेषकों और पत्रकारों का कहना है कि इस दौर की बातचीत का मक़सद विद्रोहियों के कब्ज़े वाले हुदैदा बंदरगाह पर संघर्ष रोकना है. यहां हज़ारों की संख्या में आम लोग फंसे हुए हैं. इस बंदरगाह को यमन की जीवनरेखा माना जाता है.

संयुक्त राष्ट्र को उम्मीद है कि बातचीत में एक ऐसा ढांचा तैयार हो सकेगा जिससे यमन में भविष्य के राजनीतिक समाधान की तस्वीर तैयार हो सकेगी.

ग्रिफ़िथ्स ने गुरुवार को स्वीडन की राजधानी स्टॉकहोम में पत्रकारों से कहा, "आने वाले दिनों में हमारे पास शांति प्रक्रिया को गति देने का अहम अवसर होगा."

संयुक्त राष्ट्र के प्रतिनिधि ने इस बात की भी पुष्टि की कि दोनों पक्षों ने एक करार पर दस्तख़्त किए हैं. भरोसा बहाली के लिए हुए इस समझौते में दोनों तरफ से बंदियों की अदला बदली की जाएगी.

ग्रिफिथ्स ने सही संख्या की जानकारी नहीं दी लेकिन कहा कि इससे हज़ारों परिवारों को फायदा होगा.

बातचीत के अहम मुद्दे क्या हैं?
बातचीत की शुरुआत के पहले यमन के अधिकारियों ने ट्विटर पर मांग की कि विद्रोहियों को हुदैदा पोर्ट का अधिकार सरकार को वापस दे देना चाहिए.

इस बीच एक आला हूती विद्रोही ने सना के मुख्य एयरपोर्ट पर संयुक्त राष्ट्र के विमानों को रोकने की चेतावनी दी है. उनका कहना है कि ऐसा तब होगा जब तक बातचीत के जरिए इसे सभी यात्री उड़ानों के लिए पूरी तरह नहीं खोला जाता. संघर्ष की वजह से ये एयरपोर्ट दो साल से बंद है.

यमन की राजधानी सना पर फिलहाल हूती विद्रोहियों का कब्ज़ा है. वहीं सरकार दक्षिण शहर अदन से कामकाज कर रही है.

बातचीत के पहले संयुक्त राष्ट्र के प्रतिनिधि ग्रिफ़िथ्स 50 घायल हूती विद्रोहियों को इलाज के ओमान भेजे जाने की मंजूरी हासिल करने में कामयाब हो गए.

No comments:

Post a Comment

呼吸机还是试剂盒?特朗普与多位州长再起争端

  美国总统唐纳德· 香港自去年 色情性&肛交集合 爆发“反送中 色情性&肛交集合 ”抗议后政府首次有问责官员 色情性&肛交集合 人事调动,政制及内地事务局局 色情性&肛交集合 长聂德权被平调 色情性&肛交集合 接替罗智光出任 色情性&肛交集合 公务员事务局局长。 色情性&肛交...